blogid : 313 postid : 945429

जमीन पर बैठकर खाने से मिलते है ये चार लाभ

Posted On: 15 Jul, 2015 lifestyle में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

जमीन पर खाना भारत में खाने के पुराने तरीक़ों में से एक है. जहाँ कुछ लोग इसे पुराना होने के कारण भूल चुके हैं वहीं कुछ लोग अब भी जमीन पर बिछाये आसन पर बैठ कर ही खाना खाते हैं. इस तरीके के विरोधी जहाँ इसे अतार्किक बताते हैं वहीं इसके समर्थक जमीन पर खाने के पक्ष में ये राय रखते हैं:-


eat89

पाचन प्रक्रिया को आसान बनाती है

पालथी मारकर बैठने के क्रम में जो मुद्रा बनती है उसे सुखासन कहते हैं. मुँह में कौर डालते वक़्त शरीर थोड़ा आगे झेकता है. मुँह में कौर जाने के बाद शरीर वापस उसी अवस्था में पहुँच जाती है. ऐसा करने से पेट की माँसपेशियाँ सक्रिय रहती है जो भोजन को पचाने में मदद करती है.


Read: हाथ से खाने के इन वैज्ञानिक फायदों को जानकर आप रह जाएंगे हैरान


हृदय को मजबूत कर रक्त प्रवाह सुधारती है

खाने के बाद शरीर को उर्जा मिलती है. ऐसे में शरीर में एक गरमाहट फैल जाती है. पाचन प्रक्रिया का एक मुख्य तत्व शरीर में रक्त का प्रवाह है. जमीन पर बैठ कर खाने से हृदय से अन्य अंगों तक रक्त का प्रवाह सुगम हो जाता है.



eat45

काबू में रहता है वजन

आसन पर बैठकर खाने से वजन पर काबू रखा जा सकता है. सुखासन की मुद्रा में बैठने से दिमाग शांत रहता है और व्यक्ति का सारा ध्यान खाने पर केंद्रित रहता है. इससे नसों से दिमाग को यह संदेश जाता है कि उसे भोजन की कितनी मात्रा की जरूरत है. भोजन से तृप्तता का एहसास हो जाता है. इस कारण से व्यक्ति जरूरत से ज्यादा नहीं खाता.


जोड़ों को बनाता है लचीला

पद्मासन और सुखासन की मुद्रा में बैठना जोड़ों को अपक्षयी रोगों से बचाने में मदद करती है. इस मुद्रा में बैठने से जोड़ों में चिकनाई आती है जिससे जोड़ों में लचीलापन बना रहता है.Next….


Read more:

आपका वजन कम करने का यह तरीका भी हो सकता है बेकार, जानिए क्या है वो उपाय जो करेगा आपकी मदद

तो क्या इस तरीके से लोगों को पुत्र प्राप्ति में मदद कर रहे हैं बाबा रामदेव…..

कहीं आपके जीवन के फैसलों को भी प्रभावित तो नहीं करती ये अटपटी चीजें?




Tags:           

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (No Ratings Yet)
Loading ... Loading ...

0 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments


topic of the week



अन्य ब्लॉग

latest from jagran